varsha ritu

वर्षा ऋतू

सावन में जब तू आती है…   सावन में जब तू आती है घनघोर घटाएं छाती हैं कभी पेड़ो को सहलाती है कभी भंवरों के संग आती है बागों में खेलती रहती है छांव में बैठी रहती है ना दुख में कभी तू रोती है बस हंसती हंसती रहती है न जाने कहां से आती […]

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